बरवाला (पंचकूला): राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, बरवाला में हरियाणा अभिलेखागार विभाग द्वारा आयोजित ऐतिहासिक अभिलेखागार प्रदर्शनी का शनिवार को समापन हुआ। यह प्रदर्शनी 17 जुलाई से आयोजित की जा रही थी। समापन समारोह में हरियाणा विद्युत विनियामक आयोग के उप निदेशक प्रदीप मलिक और अंबाला नगर निगम के एएमसी दीपक सूरा उपस्थित रहे। कॉलेज प्राचार्य डॉ. नरेंद्र सिवाच ने दोनों अतिथियों का स्वागत किया।

प्रदीप मलिक ने कहा कि इतिहास केवल बीते समय की कहानी नहीं, बल्कि वर्तमान को समझने और भविष्य की दिशा तय करने का मजबूत आधार है। उन्होंने कहा कि व्यक्ति इतिहास से सीखता है, वर्तमान को समझता है और भविष्य की कल्पना करता है। उन्होंने कहा कि इतिहास को केवल किताबों और परीक्षाओं तक सीमित नहीं रखना चाहिए। “अभिलेख बीते हुए समय की आवाज हैं, जो आने वाली पीढ़ियों से संवाद करते हैं।”
इतिहास के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. प्रवीण ने प्रदर्शनी की जानकारी देते हुए बताया कि इसमें 1857 के जनविद्रोह, अंबाला के विद्रोह, हांसी के क्रांतिकारियों, महारानी विक्टोरिया की 1858 की उद्घोषणा, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रथम अधिवेशन, महात्मा गांधी की पलवल में गिरफ्तारी और आजाद हिंद फौज सहित हरियाणा एवं भारतीय स्वतंत्रता संग्राम से जुड़े दुर्लभ ऐतिहासिक दस्तावेज प्रदर्शित किए गए। प्रदर्शनी में दुर्लभ पांडुलिपियां, ऐतिहासिक छायाचित्र और अभिलेख भी प्रदर्शित किए गए। इस अवसर पर महाविद्यालय के शिक्षक एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।



