होर्मुज में अमेरिकी नाकेबंदी शुरू हो गई है. अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा है कि जो भी जहाज हमारे ब्लॉकेड के आसपास आने की कोशिश करेगा उसे सीधा नष्ट कर दिया जाएगा. इधर ईरान ने भी धमकी दी है कि अगर उसके पोर्ट सुरक्षित नहीं रहेंगे तो इलाके का कोई पोर्ट सुरक्षित नहीं रहेगा.
अमेरिकी सेना ने सोमवार को ईरान के सभी बंदरगाहों और तटीय इलाकों की नाकेबंदी शुरू कर दी है. US सेंट्रल कमांड ने घोषणा की है कि ईरान के समय के अनुसार शाम 6:30 बजे से ईरानी बंदरगाहों और तटीय इलाकों में आने या वहां से जाने वाले सभी देशों के जहाजों के खिलाफ नाकेबंदी लागू कर दी गई है.
इस नाकेबंदी का मतलब है कि रोजाना 20 लाख बैरल ईरानी तेल ऑयल मार्केट में नहीं आएगा. 20 लाख बैरल यानी कि लगभग 31 करोड़ लीटर कच्चा तेल. ईरान से होने वाली तेल की शिपमेंट को रोकने से दुनिया के बाज़ारों से तेल का एक अहम ज़रिया कट जाएगा. Kpler के डेटा के मुताबिक ईरान ने मार्च में रोज़ाना 1.84 मिलियन बैरल कच्चा तेल एक्सपोर्ट किया और अप्रैल में अब तक 1.71 मिलियन bpd तेल भेजा है; इसकी तुलना में, 2025 के पूरे साल का औसत एक्सपोर्ट 1.68 मिलियन बैरल प्रतिदिन था.
हालांकि 28 फरवरी को युद्ध शुरू होने से पहले ईरान के तेल उत्पादन में अचानक हुई बढ़ोतरी देखी गई. Kpler के डेटा के अनुसार इस महीने की शुरुआत तक 180 मिलियन बैरल से ज़्यादा तेल जहाजों में भरा हुआ था



